Saturday, 9 November 2019

आसमान तब गिरता है
जब हम माँगते हैं
जो मिला नहीं हमें
धरती तब खिसकती है
जब हम छोड़ देते हैं माँगना
उगते हैं हम
अँधेरों में
जब सीख जाते हैं उसमें जीना
और देखना..

पहाड़ों को उठाना
समंदर को पी जाना
वक़्त की बात है

पुराने कैलेंडर बदलना मग़र
बहुत ज़रूरी बात है...

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रास्ते

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